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निर्जला एकादशी

भीमसेनी एकादशी · ज्येष्ठ शुक्ल एकादशी

ज्येष्ठ · शुक्ल पक्षदेवता: भगवान विष्णु

महत्त्व

सबसे कठिन एकादशी, जिसमें जल भी ग्रहण नहीं किया जाता। मान्यता है कि इस एक व्रत से साल की सभी एकादशियों का फल मिलता है। गर्मी में स्वास्थ्य की स्थिति देखकर ही निर्जल उपवास करें; बीमार, वृद्ध और गर्भवती लोग फलाहार या जल ले सकते हैं।

कथा

महाभारत की प्रचलित कथा के अनुसार, भीमसेन को भोजन बहुत प्रिय था और उनके लिए नियमित उपवास करना कठिन था। वे चाहते थे कि उन्हें सभी एकादशियों के व्रत का पुण्य प्राप्त हो, परंतु भूख सहना मुश्किल लगता था। महर्षि व्यास ने उन्हें ज्येष्ठ शुक्ल एकादशी पर विशेष संयम और भगवान विष्णु की आराधना करने का उपाय बताया। भीम ने श्रद्धापूर्वक यह व्रत किया। इसलिए यह तिथि निर्जला एकादशी के नाम से प्रसिद्ध हुई। इस व्रत में जल तक न लेने की परंपरा कुछ श्रद्धालु निभाते हैं, लेकिन यह सभी के लिए सुरक्षित नहीं है। स्वास्थ्य की स्थिति के अनुसार व्रत का रूप चुनना चाहिए; भक्ति के लिए स्वयं को नुकसान पहुँचाना आवश्यक नहीं है।

निर्जला एकादशी का संदेश है कि दृढ़ संकल्प के साथ विवेक और संयम भी जरूरी हैं।

🙏 हे विष्णु भगवान, हमें संकल्प की दृढ़ता और अपने शरीर की उचित देखभाल करने की बुद्धि दें।

यह सरल हिन्दी में भक्ति-पाठ के लिए तैयार संक्षिप्त कथा है। अलग-अलग ग्रंथों और क्षेत्रों में नाम और विवरण भिन्न मिल सकते हैं; पूरी कथा अपनी परंपरा या पंडित जी से मिलाएँ।

तिथि और पारण (2026–2028, दिल्ली)

गुरुवार, 25 जून 2026
एकादशी तिथि: 24 जून 2026 18:12 से 25 जून 2026 20:09 तक
पारण: 26 जून 2026 को सूर्योदय (5:25 AM) के बाद, द्वादशी समाप्त होने (10:23 PM) से पहले
सोमवार, 14 जून 2027
एकादशी तिथि: 14 जून 2027 02:12 से 15 जून 2027 02:08 तक
पारण: 15 जून 2027 को सूर्योदय (5:23 AM) के बाद, द्वादशी समाप्त होने (2:31 AM (+1d)) से पहले
शनिवार, 3 जून 2028
एकादशी तिथि: 2 जून 2028 19:32 से 3 जून 2028 17:26 तक
पारण: 4 जून 2028 को सूर्योदय (5:23 AM) के बाद, द्वादशी समाप्त होने (3:30 PM) से पहले

समय IST में हैं। परंपरा अनुसार द्वादशी की पहली चौथाई (हरि वासर) में पारण नहीं किया जाता। वैष्णव परंपरा में व्रत अगले दिन हो सकता है; शहर के अनुसार भी एक दिन का अंतर संभव है — स्थानीय पंचांग से पुष्टि करें।

व्रत-विधि और नियमविष्णु आरतीकैलेंडर में देखें
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